छत्तीसगढ़

रेत खनन व भंडारण आदेश निरस्त करने की मांग, कलेक्ट्रेट पहुंचे बैगा जनजाति के लोग

सरपंच और सरपंच पति पर धमकी देने का आरोप

बिलासपुर: कोटा में प्रस्तावित रेत उत्खनन व रेत भंडारण को लेकर बैगा जनजाति में आक्रोश है. कई संख्या में बैगा ग्रामीण एकजुट होकर रेत भंडारण का विरोध करते हुए बुधवार को बिलासपुर कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रशासन से रोक लगाने मांग की. बैगा ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि गांव के लोगों से बात किए बगैर रेत खनन और भंडारण की अनुमति दी गई है.

रेत खनन और भंडारण के खिलाफ गांव वाले
कोटा क्षेत्र के ग्राम पंचायत कोड़ीनार और ग्राम पंचायत टाटीधार के अंतर्गत बगधरा, मगरदांत, चाटीडांड, भनवारटंक और मुसियारी सहित कई गांव आते हैं. इन सभी गांवों के ग्रामीण प्रस्तावित रेत उत्खनन और भंडारण के विरोध में एकजुट हो गए हैं. ग्राम ठोढ़ीनार के ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत की राजस्व भूमि को सरपंच संगीता समार सिंह एक निजी व्यक्ति इंदर राठौर को रेत खनन और भंडारण के लिए दे रही है. ग्रामीणों ने कहा कि यदि रेत खनन की अनुमति दी जाती है तो उनके और उनके परिवार के लिए काफी खतरा हो जाएगा. क्योंकि जिस जगह ये खनन प्रस्तावित है वहीं पास में ही आंगनबाड़ी और स्कूल है. जिससे हमेशा हादसे का खतरा बना रहेगा.

बैगा जनजाति की महिला ने बताया “हम अपने बैगा मौहल्ले में रेत खदान और भंडारण नहीं चाहते हैं. रेत खनन शुरू होने से भारी गाड़ियां आनी शुरू हो जाएगी, जिससे दुर्घटना की संभावना बनी रहेगी. जबकि रेत खनन प्रस्तावित जगह पर ही स्कूल, आंगनबाड़ी और अस्पताल है. जहां हमेशा लोगों का आना जाना रहता है. लोगों की जान हमेशा खतरे में रहेगी. हम अपने बच्चों को खतरे में नहीं डाल सकते.”

गांव वालों को नहीं पता ग्राम सभा की बैठक कब हुई
बैगा महिला ने आगे कहा कि गांव वालों से बिना पूछे रेत खनन की अनुमति दी गई. हमारे सरपंच को भी नहीं बताया गया. कहा जा रहा है कि ग्राम सभा की बैठक हुई है लेकिन हमें किसी भी बैठक के बारे में पता नहीं है. सरपंच और पंच को भी रेत खनन के बारे में नहीं पता है.

सरपंच और सरपंच पति पर धमकी देने का आरोप

महिला ने आरोप लगाया कि सरपंच संगीता और सरपंच पति पर धमकी देने का आरोप लगाया है. जिससे गांव के लोगों में डर का माहौल बन गया है. ग्रामीणों को भविष्य में विवाद और झगड़े की स्थिति उत्पन्न होने की आशंका है. ग्रामवासियों एवं पंचायत क्षेत्र के लोगों ने प्रशासन से जनहित, कानून-व्यवस्था और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए ग्राम ठोढ़ीनार एवं पंचायत टाटीधार क्षेत्र में रेत उत्खनन साथ ही रेत भंडारण की अनुमति न देने की मांग की है.

Related Articles

Back to top button